कर्ज एवं ऋण मुक्ति के उपाय

ऋण मुक्ति के उपाय 



आप हैं कर्ज के मारे तो परेशान न हों। वैसे भी जीवन में लगभग सभी को कर्ज कभी-कभार लेना पड़ जाता है। लेकिन कुछ ऐसे उपाय हैं, जिनका ख्याल रखा जाए तो कर्जा जल्दी उतर भी जाता है।

आप इनमें से कोई भी एक उपाय अपना सकते हैं। हर उपाय प्रयोग किये हुए है और सैकड़ों लोगों को इनसे लाभ हुआ है।

1👉 मेष, कर्क, तुला व मकर चर लग्न हैं। इन लग्न में कर्ज लिया जाए तो जल्द ही निस्तारित हो जाता है। यह तो रही लेने वाले की बात, लेकिन चर लग्न में कर्जा देना नहीं चाहिए। चर लग्न में पांचवें व नवें स्थान में शुभ ग्रह व आठवें स्थान में कोई भी ग्रह नहीं हो, वरना ऋण पर ऋण चढ़ता चला जाएगा।

2👉 किसी भी महीने की कृष्णपक्ष की प्रतिपदा तिथि, शुक्ल पक्ष की 2, 3, 4, 6, 7, 8, 10, 11, 12, 13, पूर्णिमा व मंगलवार के दिन उधार दें और बुधवार को कर्ज लें।

3👉 हस्त नक्षत्र रविवार की संक्रांति के वृद्धि योग में कर्जा उतारने से मुक्ति मिलती है।

4👉 कर्ज मुक्ति के लिए ऋणमोचन मंगल स्तोत्र का पाठ करें एवं लिए हुए कर्ज की प्रथम किश्त मंगलवार से देना शुरू करें। इससे कर्ज शीघ्र उतर जाता है।

5👉 कर्ज लेने जाते समय घर से निकलते वक्त जो स्वर चल रहा हो, उस समय वही पांव बाहर निकालें तो कार्य सिद्धि होती है, परंतु कर्ज देते समय सूर्य स्वर को शुभकारी माना है।

6👉 लाल मसूर की दाल का दान दें।

7👉 वास्तु अनुसार ईशान कोण को स्वच्छ व साफ रखें।

8👉 वास्तुदोष नाशक हरे पत्थर या पन्ना की खरड़ के गणपति मुख्य द्वार पर आगे-पीछे लगाएं।

9👉 हनुमानजी के चरणों में मंगलवार व शनिवार के दिन तेल-सिंदूर चढ़ाएं और माथे पर सिंदूर का तिलक लगाएं। हनुमान चालीसा या बजरंग बाण का पाठ करें।

10👉 ऋणहर्ता गणेश स्तोत्र का शुक्लपक्ष के बुधवार से नित्य पाठ करें।

11👉 बुधवार को सवा पाव मूंग उबालकर घी-शक्कर मिलाकर गाय को खिलाने से शीघ्र कर्ज से मुक्ति मिलती है

12👉 सरसों का तेल मिट्टी के दीये में भरकर, फिर मिट्टी के दीये का ढक्कन लगाकर किसी नदी या तालाब के किनारे शनिवार के दिन सूर्यास्त के समय जमीन में गाड़ देने से कर्ज मुक्त हो सकते हैं।

13👉 सिद्ध-कुंजिका-स्तोत्र का नित्य एकादश पाठ करें।

14👉 घर की चौखट पर अभिमंत्रित काले घोड़े की नाल शनिवार के दिन लगाएं।

15👉 श्मशान के कुएं का जल लाकर किसी पीपल के वृक्ष पर चढ़ाना चाहिए। यह कार्य नियमित रुप से ७ शनिवार को किया जाना चाहिए।

16👉 पांच गुलाब के फूल, एक चाँदी का पत्ता, थोडे से चावल, गुड़ लें। किसी सफेद कपड़े में इक्कीस बार गायत्री मन्त्र का जप करते हुए बांध कर जल में प्रवाहित कर दें। ऐसा सात सोमवार को करें।

17👉 ताम्रपत्र पर कर्जनाशक मंगल यंत्र (भौम यंत्र) अभिमंत्रित करके पूजा करें या सवा चार रत्ती का मूंगायुक्त कर्ज मुक्ति मंगल यंत्र अभिमंत्रित करके गले में धारण करें।

18👉 सर्व-सिद्धि-बीसा-यंत्र धारण करने से सफलता मिलती है।

19👉 कुश की जड़, बिल्व का पञ्चांग (पत्र, फल, बीज, लकड़ी और जड़) तथा सिन्दूर- इन सबका चूर्ण बनाकर चन्दन की पीठिका पर नीचे लिखे मन्त्र को लिखे। तदन्तर पञ्चोपचार से पूजन करके गो-घृत के द्वारा 44 दिन तक प्रतिदिन सात बार हवन करे। मन्त्र की जप संख्या कम-से-कम १०,००० है, जो ४४ दिनों में पूरी होनी चाहिये। 43 दिनों तक प्रतिदिन 228 मन्त्रों का जाप हो और 44 वें दिन 196 मन्त्रों का। इसके बाद एक हजार मन्त्र का जप दशांश के रुप में करना आवश्यक है। मन्त्र इस प्रकार है-

“ॐ आं ह्रीं क्रौं श्रीं श्रियै नमः ममालक्ष्मीं नाशय नाशय मामृणोत्तीर्णं कुरु कुरु सम्पदं वर्धय वर्धय स्वाहा।”

20👉 ऋण मुक्ति के लिये निम्न मंत्रों में से किसी एक का जाप नित्य प्रति करें-

(क) “ॐ गणेश! ऋण छिन्धि वरेण्यं हुं नमः फट्।”
(ख) “ॐ मंगलमूर्तये नमः।”
(ग) “ॐ गं ऋणहर्तायै नमः।”
(घ) “ॐ अत्रेरात्मप्रदानेन यो मुक्तो भगवान् ऋणात् दत्तात्रेयं तमीशानं नमामि ऋणमुक्तये।”

21👉 मंगलवार को शिव मंदिर में जाकर शिवलिंग पर मसूर की दाल “ॐ ऋण-मुक्तेश्वर महादेवाय नमः” मंत्र बोलते हुए चढ़ाएं।

22👉 भगवान विष्णु की प्रतिमा या चित्र के सम्मुख सात बार, इक्कीस बार या अधिक-से-अधिक ऋग्वेद के इस प्रसिद्ध मन्त्र का जप करें-

“ॐ भूरिदा भूरि देहिनो, मादभ्रं भूर्या भर। भूरि धेदिन्द्र दित्ससि। ॐ भूरि दाह्यसि श्रुतः पुरुजा शूर वृत्रहन्। आ नो भजस्व राधसि।

(हे लक्ष्मीपते! आप दानी हैं, साधारण दानदाता ही नहीं, बहुत बड़े दानी हैं। आप्तजनों से सुना है कि संसारभर से निराश होकर जो याचक आपसे प्रार्थना करता है उसकी पुकार सुनकर उसे आप आर्थिक कष्टों से मुक्त कर देते हैं-उसकी झोली भर देते हैं। हे भगवान्! मुझे इस अर्थ संकट से मुक्त कर दो।)

23-👉 नीचे प्रदर्शित यन्त्र को किसी मंगलवार के दिन शुभमुहूर्त में, भोजपत्र के ऊपर, अनार की कलम से अष्टगंध के द्वारा लिखें। इसे प्रतिष्ठित कर निम्न मन्त्र की एक माला जप करें-“ॐ नमः भौमाय” फिर यन्त्र को ताबीज में भरकर धारण करें।

24👉 “गजेन्द्र-मोक्ष-स्तोत्र” का नित्य एक पाठ करना चाहिए। इसे अधिक प्रभावशाली बनाने के लिये यदि गजेन्द्र-मोक्ष-स्तोत्र के उपरान्त “नारायण-कवच” का पाठ किया जाये तो अधिक श्रेयष्कर होगा

नोट 👉 ऊपर बताये गए सभी उपाय प्रारब्ध काटने के निमित्त माने इनसे कोई जादू होने की उम्मीद ना रखें प्रारब्ध केवल पुरुषार्थ से काटा जा सकता है पुरुषार्थ आत्म कल्याण के लिये कियेजाने वाले सत्कर्म को कहा जाता है। जितना बड़ा प्रारब्ध होगा उतना ही अधिक पुरुषार्थ करना पड़ेगा तभी जाकर सफलता मिलती है। आजकल परेशानी में लोग एक उपाय को एक या 2 बार करेंगे लाभ ना होने पर छोड़कर दूसरा करने लगते है इसका दोष ज्योतिषी या अन्य किसी बताने वाले को दिया जाता है जबकि कोई भी उपाय करने से पहले धैर्य रखना अति आवश्यक है। प्रकृति का नियम है बीज बोने पर उसे कई दिनों तक सींचा जाता है खाद और विभिन्न प्रकार के उर्वरक मिलाये जाते है तब जाकर अच्छी फसल मिलती है।

👉ऋण मुक्ति मंत्र ( Rin Mukti Mantra ) : ऊँ तांमSआ वह जातवेदो लक्ष्मीमनपगामिनीम् । यस्यांहिरण्यं प्रभूतंगावो दास्योSश्वान् विन्देयं पुरुषानहम् ।। 

👉यह ऋण हर्ता मंत्र हैं । इस मंत्र का नियमित जप करने से गणेश जी प्रसन्न होते है और साधक का ऋण चुकता होने लगता है । कहा जाता है कि जिसके घर में एक बार भी इस मंत्र का उच्चारण हो जाता है, उसके घर में कभी भी ऋण या दरिद्रता नहीं आ सकती ।

👉ॐ श्री गणेश ऋण छिन्धि वरेण्य हुं नमः फट x108

साथ में  इस स्तोत्र का नियमित 11 बार रोज पाठ करने से शीघ्रातिशीघ्र कर्जों से छुटकारा मिल जाता है.

विनियोग – अस्य श्रीऋणविमोचनमहागणपतिस्तोत्रमन्त्रस्य शुक्राचार्य ऋषि:, ऋणविमोचन महागणपतिर्देवता, अनुष्टुप छन्द:, ऋणविमोचनमहागणपतिप्रीत्यर्थे जपे विनियोग: ।

 

ऊँ स्मरामि देवदेवेशं वक्रतुण्डं महाबलम । षडक्षरं कृपासिन्धुं नमामि ऋणमुक्तये ।।1।।

महागणपतिं वन्दे महासेतुं महाबलम । एकमेवाद्वितीयं तु नमामि ऋणमुक्तये ।।2।।

एकाक्षरं त्वेकदन्तमेकं ब्रह्म सनातनम । महाविघ्नहरं देवं नमामि ऋणमुक्तये ।।3।।

शुक्लाम्बरं शुक्लवर्णं शुक्लगंधानुलेपनम । सर्वशुक्लमयं देवं नमामि ऋणमुक्तये ।।4।।

रक्ताम्बरं रक्तवर्णं रक्तगंधानुलेपनम । रक्तपुष्पै: पूज्यमानं नमामि ऋणमुक्तये ।।5।।

कृष्णाम्बरं कृष्णवर्णं कृष्णगंधानुलेपनम । कृष्णयज्ञोपवीतं च नमामि ऋणमुक्तये ।।6।।

पीताम्बरं पीतवर्णं पीतगंधानुलेपनम । पीतपुष्पै: पूज्यमानं नमामि ऋणमुक्तये ।।7।

सर्वात्मकं सर्ववर्णं सर्वगन्धानुलेपनम । सर्वपुष्पै: पूज्यमानं नमामि ऋणमुक्तये ।।8।।

एतदृणहरं स्तोत्रं त्रिसन्ध्यं य: पठेन्नर: । षण्मासाभ्यन्तरे तस्य ऋणच्छेदो न संशय: ।।9।।

सहस्त्रदशकं कृत्वा ऋणमुक्तो धनी भवेत ।।10।।

👉किसी भी शुक्ल पक्ष के सोमवार के दिन से लेकर लगातार 9 दिनों तक सुबह 5 बजे से 7 बजे के बीच में किसी शिव मंदिर या फिर अपने घर के पूजा स्थल में ही लाल या सफेद कंबल का आसन पर बैठकर नीचे दिये गये सभी मंत्रों को या किसी एक मंत्र का जप हर दिन 1100 बार करना हैं । जप के समय आपका मुख पूर्व दिशा में होना चाहिए । जप के समय गाय के घी का दीपक जलते रहना चाहिए । मंत्र जप करते समय शिवजी से कर्ज से मुक्ति की प्रार्थना करते रहे ।

इन मंत्रों में से किसी एक मंत्र सुविधानुसार 9 दिनों तक श्रद्धा पूर्वक रूद्राक्ष की माला से करने पर लगभग 60 दिनों में आप शिव कृपा से कर्ज मुक्त हो सकते है । प्रसाय करें जप के दिनों में तामसिक भोजन न करें, मांस मदिरा का सेवन बिलकुल भी नहीं करें, अन्यथा मंत्र जप का लाभ नहीं मिलेगा ।

1- ॐ शिवाय नम: ।। 2- ॐ सर्वात्मने नम: ।।
3- ॐ त्रिनेत्राय नम: ।। 4- ॐ हराय नम: ।।
5- ॐ इन्द्र्मुखाय नम: ।। 6- ॐ श्रीकंठाय नम: ।।
7- ॐ सद्योजाताय नम: ।। 8- ॐ वामदेवाय नमः ।।
9- ॐ अघोरह्र्द्याय नम: ।। 10- ॐ तत्पुरुषाय नम: ।।
11- ॐ ईशानाय नम: ।। 12- ॐ अनंतधर्माय नम: ।।
13- ॐ ज्ञानभूताय नम: ।। 14- ॐ अनंतवैराग्यसिंघाय नम: ।।
15- ॐ प्रधानाय नम: ।। 16- ॐ व्योमात्मने नम: ।।
17- ॐ युक्तकेशात्मरूपाय नम: ।।

*कर्ज/ ऋण से मुक्ति पाना है तो निचे दिए उपाय करें*
केमद्रुम दोष :चन्द्रमा के आसा पास कोई गृह न हो और न ही कोई शुभ गृह द्रस्ट हो 
उपाय चंद्र यन्त्र मोती के साथ, श्रीयंत्र के चारो तरफ 8. मोती लगवाकर धारण करे 
सोमवार को श्रीयंत्र को शिव लिंग पर रख कर अभीशेक करे, चंद्र मंत्र का जप करे दूध 
चावल चांदी का दान 11 सोमवार ब्राह्मण को देवे l चारपाई के पायो में चाँदी का तार या कील डाले 
घर में श्रीयंत्र विराजित करे एक श्रीयंत्र कल SE.दिशा में लगावे 
कमला एवं महालक्ष्मी श्रीविद्या की उपासना 
करे 
ताम्बे पर बना श्री यंत्र पर श्री सूक्त कनक धरा और महालष्मी स्तोत्र का जप 
बीसा यन्त्र घर व्यवसाय में स्थापित करे 
तुलसी वृक्ष को गुरुवार को दूध से सींचे 
ऋण मुक्ति के उपाय
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1👉चर लग्न मेष, कर्क, तुला व मकर में कर्ज लेने पर शीघ्र उतर जाता है। लेकिन, चर लग्न में कर्जा दें नहीं। चर लग्न में पांचवें व नवें स्थान में शुभ ग्रह व आठवें स्थान में कोई भी ग्रह नहीं हो, वरना ऋण पर ऋण चढ़ता चला जाएगा।

2 👉किसी भी महीने की कृष्णपक्ष की 1 तिथि, शुक्लपक्ष की 2, 3, 4, 6, 7, 8, 10, 11, 12, 13 पूर्णिमा व मंगलवार के दिन उधार दें और बुधवार को कर्ज लें।

3 👉 हस्त नक्षत्र रविवार की संक्रांति के वृद्धि योग में कर्जा उतारने से मुक्ति मिलती है।

4 👉कर्ज मुक्ति के लिए ऋणमोचन मंगल स्तोत्र का पाठ करें एवं लिए हुए कर्ज की प्रथम किश्त मंगलवार से देना शुरू करें। इससे कर्ज शीघ्र उतर जाता है।
5॰ कर्ज लेने जाते समय घर से निकलते वक्त जो स्वर चल रहा हो, उस समय वही पांव बाहर निकालें तो कार्य सिद्धि होती है, परंतु कर्ज देते समय सूर्य स्वर को शुभकारी माना है।

6👉 लाल मसूर की दाल का दान दें।

7👉 वास्तु अनुसार ईशान कोण को स्वच्छ व साफ रखें।

8👉 वास्तुदोष नाशक हरे रंग के गणपति मुख्य द्वार पर आगे-पीछे लगाएं।

9👉 हनुमानजी के चरणों में मंगलवार व शनिवार के दिन तेल-सिंदूर चढ़ाएं और माथे पर सिंदूर का तिलक लगाएं। हनुमान चालीसा या बजरंगबाण का पाठ करें।

10👉 ऋणहर्ता गणेश स्तोत्र का शुक्लपक्ष के बुधवार से नित्य पाठ करें।

11👉  बुधवार को सवा पाव मूंग उबालकर घी-शक्कर मिलाकर गाय को खिलाने से शीघ्र कर्ज से मुक्ति मिलती है।

12👉 सरसों का तेल मिट्टी के दीये में भरकर, फिर मिट्टी के दीये का ढक्कन लगाकर किसी नदी या तालाब के किनारे शनिवार के दिन सूर्यास्त के समय जमीन में गाड़ देने से कर्ज मुक्त हो सकते हैं।

13👉  सिद्ध-कुंजिका-स्तोत्र का नित्य एकादश पाठ करें।

14👉 घर की चौखट पर अभिमंत्रित काले घोड़े की नाल शनिवार के दिन लगाएं।

15👉 श्मशान के कुएं का जल लाकर किसी पीपल के वृक्ष पर चढ़ाना चाहिए। यह कार्य नियमित रुप से ७ शनिवार को किया जाना चाहिए।

16👉  ५ गुलाब के फूल, १ चाँदी का पत्ता, थोडे से चावल, गुड़ लें। किसी सफेद कपड़े में २१ बार गायत्री मन्त्र का जप करते हुए बांध कर जल में प्रवाहित कर दें। ऐसा ७ सोमवार को करें।

17👉  ताम्रपत्र पर कर्जनाशक मंगल यंत्र (भौम यंत्र) अभिमंत्रित करके पूजा करें या सवा चार रत्ती का मूंगायुक्त कर्ज मुक्ति मंगल यंत्र अभिमंत्रित करके गले में धारण करें।

18👉 सर्व-सिद्धि-बीसा-यंत्र धारण करने से सफलता मिलती है।

19👉 कुश की जड़, बिल्व का पञ्चांग (पत्र, फल, बीज, लकड़ी और जड़) तथा सिन्दूर- इन सबका चूर्ण बनाकर चन्दन की पीठिका पर नीचे लिखे मन्त्र को लिखे। तदन्तर पञ्चिपचार से पूजन करके गो-घृत के द्वारा ४४ दिनिं तक प्रतिदिन ७ बार हवन करे। मन्त्र की जप संख्या कम-से-कम १०,००० है, जो ४४ दिनों में पूरी होनी चाहिये। ४३ दिनों तक प्रतिदिन २२८ मन्त्रों का जाप हो और ४४ वें दिन १९६ मन्त्रों का। तदन्तर १००० मन्त्र का जप दशांश के रुप में करना आवश्यक है। मन्त्र इस प्रकार है-
“ॐ आं ह्रीं क्रौं श्रीं श्रियै नमः ममालक्ष्मीं नाशय नाशय मामृणोत्तीर्णं कुरु कुरु सम्पदं वर्धय वर्धय स्वाहा।”

20👉 ऋण मुक्ति के लिये निम्न मंत्रों में से किसी एक का जाप नित्य प्रति करें-
(क) “ॐ गणेश! ऋण छिन्धि वरेण्यं हुं नमः फट्।”
(ख) “ॐ मंगलमूर्तये नमः।”
(ग) “ॐ गं ऋणहर्तायै नमः।”
(घ) “ॐ अत्रेरात्मप्रदानेन यो मुक्तो भगवान् ऋणात् दत्तात्रेयं तमीशानं नमामि ऋणमुक्तये...।


कर्ज से छुटकारा पाएं

कर्ज लेना किसी को अच्छा नहीं लगता, लेकिन हर व्यक्ति की आर्थिक स्‍थिति इतनी मजबूत नहीं होती कि वह एकसाथ रुपए खर्च कर सके इसीलिए बरसों से हमारे लिए कर्ज लेने की प्रथा रही है। जो लोग सक्षम हैं उनसे कर्ज लेना अब पुरानी बात हो गई। आजकल बैंकों के माध्यम से यह बखूबी हो जाता है। लेकिन बैंक भी वसूली करती है यानी कर्ज तो चुकाना ही पड़ता है।

कई बार कर्ज लेने के बाद उसे लौटाना व्यक्ति को भारी पड़ता है और उसकी पूरी जिंदगी कर्ज चुकाते-चुकाते खत्म हो जाती है। पेश है शास्त्रों और पुरानी मान्यताओं के अनुसार कर्ज लेने व देने संबंधी कुछ आसान से टिप्स। इन पर अमल करने पर आपका कर्ज, ऋण या उधार तेजी से सिर से उतर जाएगा। 1. किसी महीने की कृष्ण पक्ष की 1 तिथि, शुक्ल पक्ष की 2, 3, 4, 6, 7, 8, 10, 11, 12, 13 पूर्णिमा व मंगलवार के दिन उधार दें और बुधवार को कर्ज लें।
2. चर लग्न जैसे मेष, कर्क, तुला व मकर में कर्ज लेने पर शीघ्र उतर जाता है, लेकिन चर लग्न में कर्जा दें नहीं। चर लग्न में 5वें व 9वें स्थान में शुभ ग्रह व 8वें स्‍थान में कोई भी ग्रह नहीं हो, वरं ना ऋण पर ऋण चढ़ता चला जाएगा।
3. प्रतिदिन लाल मसूर की दाल का दान करें।
4. हस्त नक्षत्र रविवार की संक्रांति के वृद्धि योग में कर्ज उतारने से शीघ्र ही ऋण से मुक्ति मिलती है।
5. कर्ज लेने जाते समय घर से निकलते वक्त जो स्वर चल रहा हो, उस समय वही पांव बाहर निकालें तो कार्यसिद्धि होती है, परंतु कर्ज देते समय सूर्य स्वर को शुभकारी माना है।
6. वास्तुदोषनाशक हरे रंग के गणपति मुख्य द्वार पर आगे-पीछे लगाएं।
7. वास्तु अनुसार ईशान कोण को साफ-स्वच्‍छ रखें।
8. हनुमानजी के चरणों में मंगलवार व शनिवार के दिन तेल-सिंदूर चढ़ाएं और माथे पर सिंदूर का तिलक लगाएं। हनुमान चालीसा या बजरंग बाण का पाठ करें।
9. ऋणहर्ता गणेश स्तोत्र का शुक्ल पक्ष के बुधवार से नित्य पाठ करें।
10. बुधवार को सवा पाव मूंग उबालकर घी-शकर मिलाकर गाय को खिलाने से शीघ्र कर्ज से मुक्ति मिलती है।


_🚩"ऋण मुक्ति के लिए मन्त्र एवं सरल उपाय"🚩_

ऋण मुक्ति मन्त्र :

“ॐ ऋण-मुक्तेश्वर महादेवाय नमः”

“ॐ मंगलमूर्तये नमः”

“ॐ गं ऋणहर्तायै नमः”

ऊँ श्री गणेश ऋणं छिन्धि वरेण्यं हुं नम: फट्

_🚩रुद्राक्ष अथवा पन्ना की माला से इस मंत्र का कम से कम 5 माला जप शुक्ल पक्ष के प्रथम मंगलवार से संभव हो तो हनुमान अथवा शिव मंदिर में संध्या काल में पश्चिम की और मुख कर के करें।_

ऋण मुक्ति के सरल उपाय

_🚩1.  मंगल एवं शुक्रवार के दिन प्रातः काल में कच्चे आटे की लोई में गुड भरकर पानी में बहायें।_

_🚩2. पीली कौड़ी और हार सिंगार की जड़ को रोली, अक्षत, पुष्प, धूप, दीप से पूजन करके धारण करें, या अपने पास रखें तो ऋण से मुक्ति प्राप्त होगी।_

_🚩3.  सफ़ेद कपड़े में पांच गुलाब के फूल, चांदी का टुकड़ा, चावल और गुड, सफ़ेद कपड़े में रखकर 11 माला गायत्री मन्त्र का जप करें इसके बाद मन में।मोनोकामना बोलते हुए बहते जल में प्रवाहित करें।_

_🚩4. केले के पेड़ की जड़ में रोली, चावल, फूल और जल अर्पित करें और नवमी वाले दिन केले के पेड़ की थोड़ी सी जड़ तिजोरी में रखें कर्ज से मुक्ति होगी नवरात्रि में यह उपाय अधिक लाभदायी रहेगा।_

_🚩5. मंगल एवं गुरुवार को कर्ज ना ले मंगल एवं गुरूवार को चुका सकते है।_

_🚩6. कर्जे से मुक्ति प्राप्त करने के लिए व्यक्ति सफेद वस्त्र, लाल वस्त्र पहनें या लाल रूमाल साथ रखें। भोजन में शक्कर की जगह गुड़ का उपयोग करें गन्ने का रस माँ त्रिपुर सुंदरी को भोग लगा कर प्रसाद स्वरूप पिए धन लाभ होगा कर्ज में कमी आएगी।_

_🚩7. किसी भी माह के शुक्ल पक्ष के प्रथम मंगलवार को शिवलिंग पर दूध व जल के बाद मसूर की दाल अर्पण करते हुये निम्न मंत्र बोलें !_

"ॐ ऋणमुक्तेश्वर महादेवाय नम: " तो इसे ऋण, कर्जे से मुक्ति मिलती है।

_🚩8. कर्ज मुक्ति के लिए ऋणमोचन मंगल स्तोत्र का पाठ करें मंगलवार से आरंभ कर प्रति दिन 21 पाठ 41 दिन तक करें।_

_🚩9.कर्जे से मुक्ति पाने के लिए लाल मसूर की दाल का दान विषम संख्या में सर से 11 बार उतार कर दान करें।_

_🚩10. अपने घर के ईशान कोण को सदैव स्वच्छ व साफ रखें।_

_🚩11. ऋणहर्ता गणेश स्तोत्र का शुक्लपक्ष के बुधवार से नित्य 11 पाठ 50 दिन तक करें।_

_🚩12. बुधवार को सवा किलो मूंग उबालकर घी-शक्कर मिलाकर गाय को खिलाने से शीघ्र कर्ज से मुक्ति मिलती है।_

_🚩13. घर की चौखट पर अभिमंत्रित काले घोड़े की नाल शनिवार के दिन लगाएं।_

_🚩14. घर अथवा कार्यालय मे गाय के आगे खड़े होकर वंशी बजाते हुए भगवान श्रीकृष्ण का चित्र लगाने से आकस्मिक कर्जा नहीं चढता और दिए गए धन की डूबने की सम्भावना भी कम रहती है।_

_🚩15. बुधवार को स्नान पूजा के बाद व्यक्ति सर्वप्रथम गाय को हरा चारा खिलाये उसके बाद ही खुद कुछ ग्रहण करें तो उसे शीघ्र ही कर्जे से छुटकारा मिल जाता है।


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